भगवान पर विस्वास


 

एक गांव में एक व्यक्ति रहता था। उसकी  की दवाइयों की दुकान थी।वह व्यक्ति भगवान को बिल्कुल नहीं मानता था।इसके सामने कोई भी भगवान की बातें करता तो वह बात बदल लेता था।यह बोलता तुम मेरे सामने भगवान की बातें मत करो। मैं भगवान को बिल्कुल भी नहीं मानता।एक समय की बात है। एक बार रात्रि के समय उसकी दुकान में कुछ मित्र आ गए।वह मिल कल ताश खेलने लगे।

 उसी समय उसकी दुकान में एक लड़का आ गया ।बहुत रात हो गई थी। सारी दुकाने आसपास की बंद थी।सिर्फ उस आदमी की दुकान खुली थी।वह बालक उस व्यक्ति से बोला भैया भैया मुझे   यह  दवाई मिल सकती है। मेरी मम्मी बहुत बीमार है।जैसे ही उस व्यक्ति ने दवाई देने के लिए हाथ उठाया उसी समय लाइट चली गई।उस व्यक्ति को सब पता था। कौन सी दवाई कहां रखी है फिर भी उस व्यक्ति ने अंधेरे में ही उसको दवाई दे दी। उस बच्चे  के जाते ही लाइट आ गई जब उसने देखा कि मैंने बच्चे को सही दवाई नहीं दी बल्कि उसकी जगह चूहे मारने की दवाई दी है।बहुत परेशान हो गया। वह मन ही मन बोला थोड़ी देर पहले ग्राहक दवाई लेने आया था। मैंने यह दवाई यहीं पर रख दी थी । उसे अपने आप पर बहुत शर्म महसूस हो रहा था। वह मन ही मन बोला।इस बालक की मां को कुछ हो गया, मैं अपने आप को कभी माफ नहीं कर पाऊंगा।

वह बहुत रो रहा था तभी उसकी दुकान में उसे भगवान श्री कृष्ण का एक चित्र नजर आया।भगवान श्री कृष्ण के चित्र में बहुत धूल जमी थी।।उसे अपने पिताजी की बात याद आ गई। उसके पिताजी ने कहा था तुम कभी भी जीवन में मुसीबत में हो तब भगवान श्रीकृष्ण को याद कर लेना।तुम्हारी सारी मुसीबत दूर हो जाएगी।उस व्यक्ति ने दूर से हाथ जोड़कर का हे भगवान आप हो मैं मानता नहीं हूं।फिर भी मैं आज अपने पिताजी की बात पर विश्वास करता हूं और आपको मानता हूं।एक बार मुझे उस बच्चे की मां को बचाने का मौका दे दो।नहीं तो मैं अपने आप को कभी माफ नहीं कर पाऊंगा।हे भगवान मुझे एक बार उस बच्चे से मिला दो




 जैसे ही यह व्यक्ति आंख बंद कर कर भगवान की प्रार्थना कर रहा था, उसी समय वह बालक वापस आ गया।वह बच्चा बोला भैया भैया मुझे दवाई मिलेगी  जो मैं पहली दवाई ले गया था। बारिश के कारण मैं फिसल गया और वह दवाई  टूट  गई इस व्यक्ति ने इस बच्चे को रोते रोते अपने गले से लगाया और दवाई दी। उसकी मां का पूरा इलाज करवाया … उस व्यक्ति ने बाद में भगवान श्रीकृष्ण की तस्वीर निकाली धूल हटाई  और अपने मस्तक में लगाया और बोला हे भगवान मुझे विश्वास हो गया आपको हो 



 इस कहानी से हमें यह शिक्षा मिलती है। जो भी भगवान को सच्चे दिल से पुकारता है। भगवान हमेशा उसकी मदद करते हैं।